5 जुलाई। 🔴 उत्तराखण्ड एसटीएफ का ऐतिहासिक खुलासा : फर्जी शस्त्र लाइसेंस सिंडिकेट पर फिर बड़ा प्रहार
ऑपरेशन प्रहार के तहत 13वीं गिरफ्तारी
एक ही फर्जी लाइसेंस नम्बर पर बने दो कूटरचित लाइसेंस, दो हथियार खरीदने वाला अभियुक्त गिरफ्तार
♦️ मा0 मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड के निर्देश पर अवैध हथियारों एवं फर्जी शस्त्र लाइसेंस धारकों के विरुद्ध उत्तराखण्ड एसटीएफ की लगातार बड़ी कार्रवाई।
♦️ उत्तराखण्ड एसटीएफ द्वारा फर्जी शस्त्र लाइसेंस नेटवर्क की जांच में ऐसा बड़ा खुलासा, जिसकी गंभीरता और व्यापकता ने पूरे प्रकरण को राष्ट्रीय स्तर की जांच का विषय बना दिया है।
♦️ काशीपुर में एसटीएफ की सटीक एवं प्रभावी दबिश, फर्जी शस्त्र लाइसेंस प्रकरण में एक और अभियुक्त अवैध हथियार, कारतूस व फर्जी लाइसेंस समेत गिरफ्तार।
♦️ ऑपरेशन प्रहार के तहत अब तक 13 अभियुक्त गिरफ्तार, 19 अवैध शस्त्र, 358 कारतूस एवं बड़ी संख्या में फर्जी एवं संदिग्ध शस्त्र लाइसेंस बरामद।
♦️ *एसटीएफ का स्पष्ट संदेश— फर्जी शस्त्र लाइसेंस धारक स्वयं अपने शस्त्र एवं लाइसेंस सहित आत्मसमर्पण करें, अन्यथा कानून का शिकंजा उनके दरवाजे तक पहुंचेगा।*
अभियुक्त पलविन्दर सिंह पुत्र स्व0 धर्मसिंह निवासी ग्राम कचनालगाजी, थाना काशीपुर, जनपद ऊधमसिंहनगर, उम्र 46 वर्ष। से
• 01 सेमी ऑटोमैटिक पिस्टल (.30 बोर)
• 04 जिंदा कारतूस (.30 बोर)
• 01 राइफल (.315 बोर)
• 04 जिंदा कारतूस (.315 बोर) बरामद हुए।
एसटीएफ टीम में 1. निरीक्षक अरुण कुमार
2. निरीक्षक एम०पी० सिंह
3. उपनिरीक्षक प्रकाश भगत
4. हेड कांस्टेबल मोहित वर्मा
5. कांस्टेबल रवि बोरा
6. हेड कांस्टेबल चालक संजय कुमार
7. हेड कांस्टेबल मनोज बवाड़ी
8. हेड कांस्टेबल सुरेन्द्र कनवाल मौजूद थे।








