10 जून। मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड के “अपराध मुक्त उत्तराखण्ड” के विजन तथा पुलिस महानिदेशक उत्तराखण्ड श्री दीपम सेठ के निर्देशन में चलाए जा रहे अभियान के अंतर्गत स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) उत्तराखण्ड द्वारा राज्य में बाहरी राज्यों से स्थानान्तरित होकर आए शस्त्र लाइसेंसों की वैधता एवं सत्यता की जांच के उपरान्त दिनांक 04-06-2026 जनपद ऊधमसिंह नगर की काशीपुर कोतवाली में FIR No 213/2026 u/s 318(4), 338,336(3),340,61(2), 3(5),111 BNS 2023 पंजीकृत कराया गया था उसी मुकदमें की विवेचना के क्रम में कल देर रात्रि उत्तराखण्ड एसटीएफ व जनपद ऊधमसिंह नगर पुलिस ने ज्वाइंट ऑप्रेशन में कार्यवाही करते हुए काशीपुर क्षेत्र से 04 अवैध हथियार व 237 कारतूस एक स्विफ्ट कार से बरामद किये गये। जिन्हें एसटीएफ द्वारा काशीपुर कोतवाली में ले जाकर दाखिल कराया गया। बरामद अवैध शस्त्र, कारतूस, कूटरचित लाइसेंस एवं वाहन मुकदमा उपरोक्त में नामजद अभियुक्त सौरभ अग्रवाल, गौरव अग्रवाल पुत्रगण राकेश अग्रवाल निवासीगण काशीपुर व दीप्ति अग्रवाल पत्नी सौरभ अग्रवाल निवासी काशीपुर के हैं। जिस सम्बन्ध में अग्रिम विधिक कार्यवाही की जा रही है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, एसटीएफ ने जानकारी देते हुए बताया कि एसटीएफ. द्वारा राज्य में फर्जी शस्त्र लाइसेंस मामले की जांच की जा रही है और एसटीएफ द्वारा राज्य में इस सम्बन्ध में विभिन्न जनपदो में 03 अभियोग दर्ज कर संलिप्त 05 अभियुक्तों को जेल भेजा गया है तथा अब तक 05 अवैध शस्त्र व फर्जी लाइसेंस बरामद किये जा चुके हैं।
एसएसपी द्वारा बताया गया कल रात्रि एसटीएफ को काशीपुर के कटोराताल क्षेत्र में एक स्विफ्ट कार में भारी मात्रा में अवैध हथियार होने का गोपनीय इनपुट प्राप्त हुआ था जिस पर मेरे द्वारा टीम को निर्देशित किया गया था टीम द्वारा स्थानीय पुलिस को साथ लेते हुए रात्रि में कार्यवाही करते हुए उक्त स्विफ्ट कार UK18P 5046 को कब्जे में लेते हुए उसके अन्दर से 04 अवैध हथियार व 237 कारतूस , 04 मैंगजीन व 07 कूटरचित लाइसेंस बरामद किये गये। (1. एक पम्प एक्शन बन्दूक 12 बोर
2. एक ऑटोमैटिक राइफल .22 बोर मय 02 मैंगजीन
3. एक ऑटोमैटिक पिस्टल .32 बोर मय 02 मैंगजीन
4. एक रिवाल्वर .32बोर
5. 237 जिन्दा कारतूस ।)
उक्त के अतिरिक्त राज्य में बाहरी राज्यों से स्थानान्तरित होकर आए हजारों शस्त्र लाइसेंसों एवं उनके धारकों का सत्यापन जारी है। जांच के दौरान प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर आगे भी लगातार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि फर्जी शस्त्र लाइसेंस राष्ट्रीय सुरक्षा, सार्वजनिक शांति एवं कानून-व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा हैं तथा ऐसे मामलों में उत्तराखण्ड पुलिस “जीरो टॉलरेंस” की नीति के तहत कठोर कार्रवाई सुनिश्चित कर रही है।
एसटीएफ द्वारा आमजन से भी अपील की गई है कि यदि किसी व्यक्ति को फर्जी अथवा संदिग्ध शस्त्र लाइसेंसों के संबंध में कोई सूचना प्राप्त होती है तो वह तत्काल एसटीएफ को अवगत कराएं, सूचनाकर्ता का नाम गोपनीय रखा जायेगा।
*एसटीएफ से संपर्क हेतु मो.नं. 9412029536
एसटीएफ उत्तराखण्ड टीम में 1. निरीक्षक अरुण कुमार
2. निरीक्षक एम0पी0सिंह
3. का0 गुरवंत सिंह
4. का0 मोहित वर्मा
5. का0 सोनू पाण्डे मौजूद थे।








